स्पेनिश कॉगेलैडोस डी नवारा के साथ मिलकर खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में उतरी इफको

325 करोड़ की लागत से पंजाब में इकाई लगाने के लिए स्पेन के कॉंगेलैडोस डी नवारा के साथ इफको ने की साझेदारी

 

विशेष अनुसंधान और विकास केन्द्र के जरिए 5000 से अधिक लोगों को रोजगार

 

वर्ष 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने के प्रधानमंत्री के सपने को साकार करने की दिशा में इफको की पहल

 

नई दिल्ली :

 

संसाधित उर्वरकों के क्षेत्र में दुनिया की सबसे बड़ी सहकारी कंपनी इंडियन फारमर्स फर्टिलाइजर कोआपरेटिव लिमिटेड (इफको) ने इंडिविज्युअली क्विक फ्रोजन (आईक्यूएफ) प्रौद्योगिकी में महारत रखने वाली स्पेन की 220 मिलियन डॉलर की खाद्य प्रसंस्करण कंपनी कॉंगेलैडोस डी नवारा के साथ संयुक्त उद्यम स्थापित कर खाद्य प्रसंस्करण के कारोबार में प्रवेश किया है। यह कंपनी सब्जियों, फलों, जड़ी बूटियों और पके–पकाए व्यंजनों का प्रसंस्करण करती है।

 

यह संयुक्त उद्यम कंपनी ग्रीनफील्ड खाद्य प्रसंस्करण इकाई की स्थापना के लिए पंजाब के लुधियाना जिले में 325 करोड़ रुपये का निवेश करेगी। परियोजना के लिए भूमि की पहचान कर ली गई है और दिसंबर तक काम शुरू हो जाने की उम्मीद है।

 

इफको की इस पहल पर कंपनी के प्रबंध निदेशक डॉ. उदय शंकर अवस्थी ने कहा कि खाद्य प्रसंस्करण के इस नए क्षेत्र में कदम रखते हुए हमें बहुत खुशी हो रही है। उन्होंने कहा , “किसानों के लाभ के लिए खाद्य प्रसंस्करण व्यवसाय में प्रवेश करना एक सार्थक पहल है। प्रसंस्करण इकाई के लिए सीधे किसानों से उत्पाद लेकर उनकी आय में वृद्धि करना इस संस्था का उद्देश्य है। हम 2022 तक किसानों की आमदनी दोगुनी करने के प्रधानमंत्री जी के सपने को पूरा करने में हर संभव योगदान करना चाहते हैं”।

 

श्री अवस्थी ने बताया कि किसानों की जिंदगी को बेहतर बनाने और उनकी आय में वृद्धि के लिए इफको में हमने अनेक कदम उठाए हैं। उर्वरक, बीमा, कृषि-रसायन, कृषि वानिकी, कृषि खुदरा, ग्रामीण दूरसंचार, किसान प्रशिक्षण और ऑर्गेनिक्स के बाद अब खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में कदम रखने से किसानों को आलू, मटर और फूलगोभी की बिक्री में सहायता मिलेगी। इफको खाद्य प्रसंस्करण को पूरे देश में ले जाएगी ताकि अधिक से अधिक किसान इसका लाभ उठा सकें। मेरा मानना है कि हमारे किसानों को अपने उत्पादों की बिक्री के लिए एक अच्छे बाजार की जरूरत है और खाद्य प्रसंस्करण से निश्चित रूप से उनकी आमदनी बढ़ेगी।

 

उल्लेखनीय है कि इस परियोजना को पूरा होने में लगभग 18 महीने लगेंगे और फ्रोजन आलू, मटर व फूलगोभी जैसे प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थों का उत्पादन 2020 से शुरू होने की उम्मीद है। इस परियोजना से पंजाब में प्रत्यक्ष रूप में 400 और अप्रत्यक्ष रूप से 5000 स्थानीय नौकरियां पैदा होने की उम्मीद है।

 

पंजाब ब्यूरो ऑफ इंडस्ट्रियल प्रमोशन के सीईओ श्री रजत अग्रवाल, इफको के संयुक्त प्रबंध निदेशक श्री राकेश कपूर और स्पेन की कंपनी कॉंगेलैडोस डी नवारा के महानिदेशक श्री बेरिटो जिममेज़ ने इस परियोजना के लिए समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं। इफको के अध्यक्ष श्री बी एस नकई, प्रबंध निदेशक डॉ उदय शंकर अवस्थी, संयुक्त प्रबंध निदेशक श्री राकेश कपूर ने कॉंगेलैडोस डी नवारा के महानिदेशक श्री बिरिटो जिममेज़ ने पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह से मुलाकात कर परियोजना की स्थापना के तौर–तरीकों पर चर्चा की। कॉंगेलैडोस डी नवारा द्वारा परियोजना के लिए पूर्व व्यवहार्यता अध्ययन का कार्य पहले ही पूरा किया जा चुका है।

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